100 का लगाया आवेदन तीन सौ का प्रचार?
राजनांदगांव। ग्राम सुंदरा में स्थापित किया गया मल्टीस्पेशियलिटी हास्पिटल खुलते ही विवाद से घिर गया है. इस संबंध में आरटीआई एक्टिविस्ट ने मय दस्तावेज मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ( सीएमएचओ ) के अलावा पुलिस अधीक्षक ( एसपी ) व जिलाधीश ( कलेक्टर ) से शिकायत की है
शिकायतकर्ता जयदीप शर्मा बताते हैं कि 21 जनवरी 2020 को राशि जमाकर सौ बिस्तर के अस्पताल की अनुमति संचालकों के द्वारा सीएमएचओ आफिस में आवेदन कर मांगी गई थी.
सौ से कैसे हुए तीन सौ बिस्तर ?
शर्मा बताते हैं कि उन्होंने आरटीआई से जो जानकारी प्राप्त की है उसके मुताबिक सौ बिस्तर अस्पताल की ही अनुमति विभाग से मांगी गई थी. इसके बावजूद विज्ञापन में तीन सौ बिस्तर के अस्पताल के शुभारंभ किए जाने का उल्लेख है.
इसे जयदीप फर्जी बताते हुए कहते हैं कि सीएमएचओ आफिस ने 4 जुलाई 2020 को उक्त अस्पताल का निरीक्षण किया था. मौके पर पाई गईं कमियों का उल्लेख करते हुए 13 जुलाई को सीएमएचओ की ओर से पत्र लिखा गया था.
इस पत्र में पांच कमियां पाए जाने का उल्लेख करते हुए इन्हें दूर करने 15 दिन की मोहलत दी गई थी. शर्मा बताते हैं कि उक्त अस्पताल को आज दिनांक तक अनुमति नहीं मिली है इसके बावजूद इसका शुभारंभ 8 जुलाई को कर दिया गया.
जयदीप कहते हैं कि अनुमति सौ बिस्तर अस्पताल की मांगी जाती है और उसके लंबित रहने के बाद भी विज्ञापन तीन सौ बिस्तर के हास्पिटल के संबंध में प्रकाशित क्यों हुआ यह जांच का विषय है.
इस संबंध में स्वास्थ्य अधिकारी डाक्टर मिथलेश चौधरी से बात की गई तो उन्होंने कहा कि अब तक मंजूरी नही दी गई है। आवेदन 100 बेड का लगाया गया है प्रक्रिया में है। इस संबंध में हास्पिटल प्रेसीडेंट एनसी पारख से उनका पक्ष जानने का प्रयास किया गया लेकिन उनसे बात नही हो पाई.
