*प्रधानमंत्री की छवि बचाने निकले भाजपाई आज खुद की इज़्ज़त बचाने कर रहे गिरफ्तारी का ढोंग*
राजनांदगांव । बहुचर्चित टूलकिट मामले में जिस तरह ट्विटर ने पूर्व में भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा व कई बाड़े भाजपा नेताओं के ट्वीट को ‘मैनिपुलेटेड मीडिया’ की श्रेणी में डाल चुका है उसी कड़ी में आज ट्विटर ने पूर्व मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह के ट्वीट पर भी मैनिपुलेटेड मीडिया का टैग लगा दिया है ।इसपर भाजपाइयों द्वारा दी जा रही गिरफ्तारी पर पलटवार करते है युवा कांग्रेस नेता अभिमन्यु मिश्रा ने कहा कि भाजपा व डॉ रमन सिंह के ‘मैनिपुलेटेड’ षड्यंत्र का अब जनता के सामने पूरी तरह से खुलासा हो चुका है तमाम फैक्ट चेकिंग एजेंसियों ने उन दस्तावेजों को फ़र्ज़ी बताया है इसके साथ ही अब ट्विटर ने भी उन सभी पोस्ट पर मैनिपुलेटेड मीडिया का टैग लगा दिया है जिसके बाद भाजपा व उसके नेता अपनी इज़्ज़त बचाने गिरफ्तारी का ढोंग कर रहे हैं, एफ आई आर दर्ज होने के बाद प्रकरण की विवेचना के बाद ही कार्यवाही की जाती है ऐसे में विवेचना में सहयोग कर अपनी बात को सिद्ध करने के बजाए कोरोना काल मे गिरफ्तारी व आंदोलन करना ही यह पूर्णतः सिद्ध करता है कि रंगे हाथों पकड़े जाने के बाद भाजपाइयों की बौखलाहट चरम सीमा पार पहुच चुकी है किन्तु भाजपा यह याद रखे कि प्रदेश में अब रमन की दमनकारी सरकार नही बल्कि भुपेश बघेल जी की कांग्रेस सरकार है जिसमे जनता का राज चलता है और कानून सबके लिए एक है चाहे वो पूर्व मुख्यमंत्री हों या कोई और।उन्होंने यह भी कहा कि यह बड़े ही दुर्भाग्य और शर्म की बात है कि जहां एक ओर देश मे रोज़ाना लगभग चार हज़ार लोग अपनी जान गवां रहे हैं जो कि सरकारी आंकड़ा है और कथित तौर पर कहा जा रहा है कि असल संख्या इससे कई ज़्यादा है, जहा गंगा जैसी पवित्र नदी में हजारों लाशें बह रही हैं, जहां कोरोना हो जाने पर न ही अस्पताल में बेड मिल पा रहे थे न ऑक्सिजन, दवाइयों व इंजेक्शन की कमी के बीच अब ब्लैक फंगस भी चुनौती बन चुका है, जहां अब भी वैक्सीन की पूर्ति नही हो पा रही है वहीं देश की सत्ता पर काबिज पार्टी के लोग अपनी ज़िम्मेदारियाँ छोड़ कर अपनी विफलताओं को छुपाने के लिए कांग्रेस के खिलाफ षड्यंत्र कर रहे हैं जबकि कांग्रेस इन परिस्थितियों में देश की सेवा में लगी हुई है।भाजपा के आंदोलनो की विश्वसनीयता पर सवाल करते हुए अभिमन्यु मिश्रा ने यह भी कहा कि भाजपा का गिरफ्तारी आंदोलन रमनहित में है न कि जनहित में, भाजपा को अगर सच मे जनहित की चिंता है तो वे केंद्र सरकार से सवाल करें, वे सवाल करें कि वैक्सीन अभियान के लिए बजट में पारित 35 हज़ार करोड़ कहां गए जो राज्य सरकारों को खरीदी करने कहा जा रहा है, वे सवाल करें कि PMCARES फण्ड से खरीदे गए ज़्यादातर वेंटिलेटर खराब क्यों निकल रहे हैं व सप्लायर कंपनी पर क्या कार्यवाही हुई, वे सवाल करें कि केंद्र ने समय पर वैक्सीन के आर्डर क्यों नही दिए, इन सब पर चुप बैठे भाजपा नेता अचानक से उठते है और एक फ़र्ज़ी दस्तावेज जारी किए जाने के समर्थन में गिरफ्तारी देने लगते है ऐसे में भाजपा की नियत पर सवाल उठने स्वाभाविक है, एक ओर जहां कांग्रेस श्री राहुल गांधी जी व श्री भुपेश बघेल जी के निर्देशानुसार सारे राजनीतिक काम छोड़ कर केवल जनता की सेवा लगातार कर रही है ऐसे में यह ज़रूरी है कि समय को देखते हुए भाजपा यह सब नाटक बंद करे और कांग्रेस व जनता से माफी मांग कर जनसेवा के कार्य में लग जाए इसी में सबकी भलाई है।
