राजनांदगांव , जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की सुस्ती पर अब सख्ती शुरू हो गई है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरतन ने जिला स्तरीय समीक्षा बैठक में स्पष्ट निर्देश दिए कि जिन विकासखंडों और अधिकारियों द्वारा तय लक्ष्य पूरे नहीं किए जाएंगे, उनका नवंबर माह का वेतन रोका जाएगा।
बैठक में आयुष्मान कार्ड और वयवंदन कार्ड (70+) की धीमी प्रगति पर नाराजगी जताई गई। पहले स्थान से तीसरे स्थान पर फिसलने पर सीएमएचओ ने चेतावनी दी कि एक सप्ताह के भीतर शत-प्रतिशत शिविर लगाकर कार्ड बनाए जाएं।
मातृत्व स्वास्थ्य कार्यक्रम में हाई-रिस्क गर्भवती माताओं की सतत मॉनिटरिंग, मितानिनों द्वारा प्रसव पूर्व दैनिक भ्रमण और सुरक्षित संस्थागत प्रसव सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। बागरेकसा, करमतरा और बुचाटोला के प्रभारी को कम संस्थागत प्रसव के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किया गया।
टीकाकरण अभियान में भी कोताही पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई। सीएमएचओ ने कहा कि सभी नवजात शिशुओं का टीकाकरण समय पर हो और डाटा युविन पोर्टल पर अपलोड किया जाए। आधार आधारित ई-अटेंडेंस में लापरवाही पाए जाने पर भी वेतन रोकने की कार्रवाई होगी। क्षय, कुष्ठ और परिवार नियोजन कार्यक्रमों में सुधार, मानसिक स्वास्थ्य और एनसीडी जांच में तेजी लाने, तथा मेडलीपार रिपोर्ट और ई-ऑफिस प्रणाली को सात दिन में पूरा करने निर्देश दिए। सीएमएचओ ने कहा- जो अधिकारी और कर्मचारी काम नहीं करेंगे, उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई तय है।
