राजानांदगांव/डोंगरगढ़। डोंगरगढ़ मां बम्लेश्वरी मंदिर परिसर में पिछले डेढ़ माह पहले हुए रोपवे हादसे की अभी जांच भी पूरी नहीं हुई है और बुधवार को एक बार फिर रोपवे में एक बड़ा हादसा होते हुए टल गया। उपर मंदिर से खाली उतर रही एक ट्राली नीचे पहुंचते ही डिरेल होकर झुक गई। घटना के बाद मां बम्लेश्वरी ट्रस्ट समिति ने पहले कोई भी घटना से इंकार किया, लेकिन सोशल मीडिया में वीडियो के वायरल होते ही खलबली मच गई है। इस मामले में मां बम्लेश्वरी ट्रस्ट और रोपवे संचालन में लगी दामोदर इंफ्रा कंपनी की लापरवाही सामने आई है।
मिली जानकारी के अनुसार बुधवार की शाम को उपर मंदिर से एक ट्राली खाली लौट रही थी। जैसे ही यह नीचे पहुंची वैसे ही डिरेल होकर ट्राली गिर गई। पिछले डेढ़ माह पहले जिस स्थान पर ट्राली गिरने से भाजपा नेता घायल हुएथे, उसी स्थल पर ही इस बार भी ट्राली डिरेल हुई है। घटना के बाद दर्शनार्थियों में भी खलबली मच गई। दर्शनार्थियों का कहना है कि अच्छा हुआ कि ट्राली खाली थी, वरना कई लोग घायल हो सकते थे। प्रशासन ने जांच प्रक्रिया के पूरा होने के पहले ही रोपवे का संचालन शुरू कर दिया है। वर्तमान में इसे मैन्युअल तरीके से चलाया जा रहा है लेकिन फिर भी यह हादसा होने से रोपवे संचालन कंपनी पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
मेंटेनेंस की खुली पोल :
डेढ़ माह पहले रोपवे की ट्राली के गिरने के बाद प्रशासन ने इसके संचालन को रोक दिया था। कंपनी को मरम्मत करने के निर्देश जारी किए थे करीब 1 माह तक मरम्मत का कार्य किया गया। इसके बावजूद ट्राली के डिरेल होने से अनेक सवाल सामने आ रहे हैं।
करावाएंगे जांच :
एसडीएम, डोंगरगढ़ मनोज मरकाम का कहना है मुझे मां बम्लेश्वरी मंदिर ट्रस्ट की तरफ से जानकारी मिली है। मामले की जांच के आदेश जारी कर दिए गए है। तकनीकी विशेषज्ञों को रोपवे की जांच कराई जाएगी।
कोई घटना नहीं हुई है :
ट्रस्ट अध्यक्ष, मनोज अग्रवाल का कहना है कि ट्राली के उतरने के बाद खाली ट्राली झुक गई थी और एंगल भी मुड़ गया था। तकनीकी खराबी को सुधारने के लिए ही खाली ट्राली को नीचे उतारा गया था।
