राजनांदगांव , शिक्षा विभाग ने एक दिन पहले टाइम टेबल जारी किया और बिना तैयारी किए प्राइमरी और मिडिल स्कूलों के बच्चों की छमाही परीक्षा शुरू कर दी। बच्चों को पहले दिन बिना तैयारी छमाही की पहली परीक्षा देनी पड़ी। छमाही परीक्षा के लिए बच्चों को पढ़ाने समय नहीं मिलने के कारण पालकों ने आक्रोश जताया। शिक्षा विभाग से 10 दिसंबर को 13 दिसंबर से छमाही परीक्षा लेने टाइम टेबल और आदेश जारी किया गया। स्कूलों के शिक्षकों और बच्चों तक सूचना 11 तक पहुंची और 13 दिसंबर से छमाही परीक्षा शुरू हो गई।

प्राइमरी और मिडिल स्कूलों के शिक्षकों की ड्यूटी एसआईआर कार्य में लगाई गई थी। इस कारण छमाही परीक्षा शीतकालीन अवकाश के बाद जनवरी में लेने का निर्णय लिया गया था। लेकिन बहुत से शिक्षकों की एसआईआर कार्य से वापसी होने के कारण आनन-फानन में टाइम टेबल जारी कर 13 दिसंबर से परीक्षा शुरू कर दी गई। पालकों का कहना है उन्हें बच्चों से 11 दिसंबर को सूचना मिली कि 13 दिसंबर से उनकी छमाही परीक्षा शुरू होगी। पहले जनवरी में छमाही परीक्षा होने की जानकारी मिलने के कारण बच्चे और पालक तैयारी में नहीं थे।

नतीजों में इसका असर पड़ेगा जिले में 779 प्राइमरी और 349 मिडिल स्कूल है। इसमें 200 स्कूलों को राज्य स्तर से डी ग्रेड मिला है। इसमें सुधार लाने का दावा किया गया था। लेकिन अब अचानक टाइम टेबल जारी कर अधूरी तैयारी के बीच प्राइमरी और मिडिल स्कूल के बच्चों की छमाही परीक्षा शुरू कर दी गई। ऐसे में नतीजों पर असर पड़ेगा जबकि शिक्षा का स्तर सुधारने शिक्षा विभाग द्वारा कई तरह के प्रयास करने का दावा किया जा रहा है। डीईओ प्रवास कुमार सिंह बघेल का कहना है शैक्षणिक कैलेंडर को ध्यान में रख वर्तमान में 9वीं से 12वीं की छमाही परीक्षा जारी है। इधर एसआईआर से बहुत से शिक्षकों की वापसी होने के कारण प्राइमरी, मिडिल की परीक्षा लेने 10 दिसंबर को टाइम टेबल और आदेश जारी किया गया। छमाही की तैयारी कराने के लिए स्कूलों में नियमित क्लासेस लग रही थी।

By kgnews

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *