छिंदवाड़ा
मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा में 3 और बच्चों की मौत हो गई है। किडनी फेल होने की वजह से पिछले 28 दिनों में अब तक 9 बच्चों की मौत हो चुकी है। उधर, राजस्थान में भी दो बच्चों की मौत के बाद कफ सिरप को लेकर खौफ बढ़ता जा रहा है। हालांकि, दोनों ही राज्यों में अभी इस बात की पुष्टि नहीं हुई है कि मौत की वजह कफ सिरप ही है।
मध्य प्रदेश और राजस्थान में 4 सितंबर के बाद कई ऐसे बच्चों की मौत हुई है, जिनमें लक्षण एक जैसे पाए गए। जान गंवाने वाले सभी बच्चों में शुरुआत में सर्दी-खांसी और बुखार जैसे लक्षण थे। कहा जा रहा है कि इन बच्चों ने खास किस्म की कफ सिरप ली थी, जिसके बाद इनकी तबीयत बिगड़ गई और बाद में किडनी फेल होने से मौत हो गई।
छिंदवाड़ा के एसडीएम शुभम यादव ने बताया कि बीमार बच्चों की निगरानी की जा रही है और संभावित वजहों की जांच कराई जा रही है। उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा, 'एहतियात के तौर पर हमने 1420 बच्चों की लिस्ट बनाई है, जो हाल के दिनों में वायरल जैसे लक्षण से ग्रसित रहे हैं। हमने प्रोटोकॉल बनाया है कि जैसे ही कोई बच्चा दो दिन से अधिक बीमार रहता है तो उसे सीधे सिविल अस्पताल लाते हैं। 6 घंटे की मॉनिटरिंग में रखते हैं। केस बिगड़ने की आशंका होती है तो जिला अस्पताल भेजते हैं और ठीक रहता है तो घर भेजते हैं और आशा वर्कर से कहते हैं कि सप्ताह में कम से कम दो दिन घर जाकर फॉलोअप लें।'
एसडीएम ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार की ओर से भेजी गईं टीमें सैंपल्स की जांच कर रही हैं, लेकिन अभी तक कोई ठोस वजह सामने नहीं आई है। उन्होंने कहा, 'पानी और मच्छर से संबंधित जांचें टीमों ने की हैं। अभी तक की रिपोर्ट नॉर्मल आई है। एक सैंपल नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी गई थी, वह भी नॉर्मल है। पानी के कुछ सैंपल सीएसआईआर की नीरी इंस्टीट्यूट में भेजे गए हैं, रिपोर्ट अभी नहीं आई है।' उन्होंने कहा कि जिन 9 बच्चों की मौत हुई है उनमें से 6 के परिवारों से बात हुई है। इनमें से पांच ने एक तरह की और एक ने दूसरी कफ सिरप ली थी। इनके सैंपल की जांच की जा रही है।
बाल रोग विभाग के प्रमुख और असोसिएट प्रोफेसर डॉ. पवन नांदुरकर ने एएनआई से बातचीत में कहा, 'जो मौतें हुईं और किडनी में दिक्कत हुई, उनमें एक Coldrif कफ सिरप को जिम्मेदार बताया जा रहा है। लेकिन यह जांच का विषय है। किडनी में दिक्कत कई वजहों से हो सकती है, कोई इंफेक्शन हो सकता है, कोई हैवी मेटल, डिहाड्रेशन, जहर या किसी दवा की वजह से हो सकती है। सभी चीजों के सैंपल ले लिए हैं, रिपोर्ट आनी बाकी है। एक आशंका कफ सिरप को लेकर हैं, क्योंकि सभी बच्चों ने यह ली थी। इसलिए इसके सैंपल को भी जांच के लिए भेजा गया है। जब रिपोर्ट आएगी तभी साफ हो पाएगा कि यह कफ सिरप कितनी जिम्मेदार है।'
रायपुर प्राकृतिक या मानव निर्मित आपदाओं से प्रभावित नागरिकों को राज्य आपदा मोचन निधि के…
अंबिकापुर कोरिया जिले के पटना थाना क्षेत्र में चरित्र शंका को लेकर पत्नी के साथ…
भोपाल रतलाम जिले के थाना औद्योगिक क्षेत्र जावरा में डायल-112 जवानों की संवेदनशीलता एवं त्वरित…
रायपुर स्मार्ट मीटर किसी राज्य सरकार की अलग योजना नहीं, बल्कि भारत सरकार की पुनर्गठित…
रायपुर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में रोजगार सृजन, गरीब कल्याण और आर्थिक…
भोपाल राज्य शासन द्वारा सांख्यिकी एवं कार्यक्रम क्रियान्वयन मंत्रालय एम.ओ.एस.पी.आई एवं राज्य सरकार के मध्य…