छुरिया/राजनांदगांव, धान खरीदी केन्द्रों में मजदूरी के नाम से अवैध वसूली एवं अन्य मांगों का लेकर आंदोलन तेज करने का निर्णय लिया है । सोमवार को छुरिया में प्रदेश किसान संघ ने बैठक कर इस हेतु रणनीति बनाई ।
उल्लेखनीय है कि विभिन्न मांगों को लेकर प्रदेश किसान संघ संर्घषरत है । १५ दिसंबर को स्वाभिमान रैली एवं २६ दिसंबर को एस.डी.एम.राजनांदगांव, जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक एवं विपणन संघ का घेराव किया था ।
बैठक में किसानों की मांगो पर शासन -प्रशासन के उदासीन रवैयो पर रोष प्रकट किया गया । जहां खरीदी केन्द्रों में मजदूरी के नाम पर अवैध वसूली लगातार जारी होने की बात किसानों ने बताई वहीं पंजीयन एवं टोकन को लेकर हजारों किसान आज भी खाद्य विभाग, राजस्व विभाग एवं सोसायटी के चक्कर काट रहे है । टोकन के लिए किसानों के घर जाकर प्रशासनिक अमला अपमानजनक एवं अवैध तरीके से निरिक्षण एवं खाना तलाशी कर रहा है । इस बाबत् बस स्टैण्ड एवं तहसील कार्यालय छुरिया में प्रदर्शनकर ज्ञापन सौंपा गया व इसे तत्काल रोकने किसान संघ ने चेतावनी दी है ।
साय सरकार किसानों के स्वाभिमान को ठेस पहुंचाने वाली न फोटोग्राफी रोक रही है न समर्थन मूल्य बढ़ौतरी का लाभ किसानों तक पहुंचा रही है । राजीव गांधी न्याय योजना की चौथी किश्त दो सालों से दगाए बैठी है । उपर से किसानों को रबी फसल में दिए जाने वाले ऋण को २१ हजार रू. प्रति एकड़ से घटाकर १० हजार कर दिया है । इस प्रकार किसान के आर्थिक हितों पर लगातार कुठाराघाट किया जा रहा है ।
अवैध वसूली रूकवाने सांसद विधायकों से अपील, चलाया जाएगा हस्ताक्षर अभियान
किसान प्रतिनिधियों ने सांसद व विधायकों से मजदूरी के नाम से चल रही अवैध वसूली रूकवाने की अपील की है साथ ही अब तक वसूली गई रकम किसानों को वापस दिलाने का आग्रह भी किया है । उल्लेखनीय है कि भारत सरकार द्वारा निर्धारित प्रासंगिक व्यय २२.०५ रूपये प्रति क्विंटल है । इसके अंतर्गत बोरों में भराई, धान का तौल, बोरों की सिलाई, बोरों में छपाई, भरे हुए धान के बोरों की लोडिंग, भरे हुए धान के बोरों की स्टेकिंग का कार्य किया जाना है । सोसायटीयों को सरकार द्वारा प्रासंगिक व्यय प्राप्त होने के बावजूद प्रति कट्टा ६ से ८ रू. की अवैध वसूली किसानों से की जा रही है । प्रदर्शनों/ज्ञापनों के माध्यम से आग्रह किये जाने के बावजूद हो रहे अवैध वसूली को शर्मनाक करार देते हुए जन दबाव बनाने हस्ताक्षर अधियान चलाकर सांसद/व विधायकों को ज्ञापन सौपने का निर्णय लिया गया है । गांव-गांव, हाट बाजार, खरीदी केन्द्रों में हस्ताक्षर अभियान चलाया जावेगा ।
२० को चिचोला में किसान सभा एवं चक्का जाम- २० जनवरी को उपरोक्त मुद्दों के समर्थन में चिचोला (छुरिया मोड़) में किसान सभा का आयोजन किया जावेगा । बचे हुए सभी किसानों का धान बिकवाने रणनीति तैयार की जावेगी । आयोजन दिनांक तक मांगों पर न्यायपूर्वक कार्यवाही नहीं होने पर जी.ई.रोड में चक्का जाम किसान सभा के पश्चात की जावेगी । प्रदेश भर से प्रतिनिधि इसमें शामिल होंगे । आंदोलन को आगे बढ़ाने प्रति परिवार १ किलो चांवल एवं इच्छानुसार आर्थिक योगदान करने की अपील प्रदेश किसान संघ ने की है ।
बैठक में सुदेश टीकम, मोतीलाल सिन्हा, साधूराम धुर्वे, विनायक मण्डावी, मदन साहू, दिलीप कुमार, चंदू साहू, रूपेश सोनवानी, ललिता कंवर, नरेन्द्र मण्डावी, नंदकुमार गोंडिया, प्रदीप वर्मा, डाकेश्वर पाल, मगन देवांगन, गैंद साहू, जगन्नाथ निषाद, शंकर यादव, रामस्वरूप पुजारी, जगन्नाथ मण्डावी, तीजूराम कोर्राम सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित थे ।
