विदेश यात्राओं, नए कॉन्ट्रैक्ट्स और वीआईपी कल्चर पर लगाई रोक

भोपाल 

देश में वित्तीय प्रबंधन और सरकारी खर्चों में पारदर्शिता को लेकर राज्य सरकारें अब बेहद सख्त रुख अपना रही हैं। वित्त विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देश अनुसार वित्तीय वर्ष 2026-27 और आगामी वर्ष 2027-28 के बजट आवंटन को व्यवस्थित करने के उद्देश्य से राज्य शासन ने बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया है। फिजूलखर्ची पर पूरी तरह लगाम लगाते हुए कई तरह की गतिविधियों और खर्चों पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगा दिया है। प्रशासनिक स्तर पर इस कदम को कड़े वित्तीय अनुशासन और मितव्ययिता के रूप में देखा जा रहा है। यह नियम सभी सरकारी विभागों, निगमों, मंडलों, सार्वजनिक उपक्रमों और विश्वविद्यालयों पर अनिवार्य रूप से लागू होगा।

वीआईपी संस्कृति और फिजूल खर्चों पर रोक

आदेशानुसार वीआईपी संस्कृति और फिजूलखर्ची से जुड़े कई बड़े खर्चों पर रोक लगा दी है। अब बेहद अनिवार्य मामलों को छोड़कर राज्य सरकार या उसके उपक्रमों के खर्च पर होने वाली सभी विदेश यात्राओं पर आगामी आदेश तक रोक रहेगी। साथ ही नए साल या अन्य उत्सवों पर छपने वाले महंगे सरकारी कैलेंडर, डायरी के मुद्रण और वीआईपी उपहारों व स्वागत समारोहों के खर्च को भी पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है। अधिकारियों के हवाई सफर को लेकर भी कड़ा रुख अपनाया गया है। इसके तहत सरकारी कार्यों के लिए इकोनॉमी क्लास के अलावा किसी भी अन्य श्रेणी में यात्रा करने पर पाबंदी लगा दी गई है।

कार्यशाला, बैठकों, प्रशिक्षण पर रोक

शासकीय बैठकों और कार्यालयों के रखरखाव में भी बड़े बदलाव किये गये हैं। अब होटलों या व्यावसायिक केंद्रों में होने वाली महंगी कार्यशालाओं, बैठकों और ट्रेनिंग प्रोग्राम्स पर रोक लगा दी गई है और इनके स्थान पर शासकीय भवनों के उपयोग या वर्चुअल माध्यम व वेबिनार को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा कार्यालयों में होने वाले आंतरिक साज-सज्जा के गैर-जरूरी खर्चों को भी रोक दिया गया है।

व्हीकल पुलिंग नीति होगी अनिवार्य

परिवहन व्यवस्था को लेकर सरकार ने 'व्हीकल पूलिंग' नीति को अनिवार्य किया है। इसके तहत यदि किसी अधिकारी को अतिरिक्त प्रभार सौंपा जाता है, तो उस पद के वाहन को किसी अन्य पात्र अधिकारी को स्थानांतरित किया जाएगा ताकि किराए के वाहनों का खर्च कम हो सके। विभागाध्यक्षों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अनुबंधित गाड़ियों की संख्या सीमित करें और दो या दो से अधिक अधिकारियों के बीच एक ही वाहन आवंटित करने की व्यवस्था सुनिश्चित करें। इसके साथ ही किसी भी प्रकार की नई परामर्श सेवाओं (Consultancy Services) के अनुबंध पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है।

राज्य के खजाने को मजबूत करने के लिए राज्य शासन ने एक और महत्वपूर्ण वित्तीय कदम उठाया है। इसके अंतर्गत सभी निगमों, मंडलों और सरकारी उपक्रमों को निर्देशित किया गया है कि वे अपने लाभांश (Dividend) की अधिकतम संभव राशि सीधे राज्य शासन के खाते में जमा कराएं। आर्थिक विश्लेषकों का मानना है कि बजट 2027-28 की तैयारियों को देखते हुए सरकार का यह कदम जनता के टैक्स के पैसे को बुनियादी ढांचे व जन-कल्याणकारी योजनाओं में डाइवर्ट करने की दिशा में एक बड़ा और साहसिक प्रयास है।

 

Admin

Share
Published by
Admin

Recent Posts

जेल के भीतर से बाबर का वीडियो वायरल, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

जेल के भीतर से बाबर का वीडियो वायरल, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

 रतलाम  चाकूबाजी के मामले में गिरफ्तार होकर महज चार दिन पहले न्यायिक अभिरक्षा में सर्किल…

5 hours ago
भोपाल को मिली 21 नई इलेक्ट्रिक बसों की सौगात, आधुनिक सुविधाओं के साथ इन रूटों पर दौड़ेंगी

भोपाल को मिली 21 नई इलेक्ट्रिक बसों की सौगात, आधुनिक सुविधाओं के साथ इन रूटों पर दौड़ेंगी

भोपाल राजधानी भोपाल में सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल बनाने की दिशा में…

5 hours ago
MP हाईकोर्ट का अहम फैसला, सहमति से बने संबंध के बाद शादी से इनकार करना रेप नहीं

MP हाईकोर्ट का अहम फैसला, सहमति से बने संबंध के बाद शादी से इनकार करना रेप नहीं

जबलपुर  मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने महत्वपूर्ण फैसले में स्पष्ट किया है कि दो बालिगों…

5 hours ago
मुख्यमंत्री डॉ. यादव 10.54 लाख किसानों के खातों में 1460.25 करोड़ की राशि करेंगे अंतरित

मुख्यमंत्री डॉ. यादव 10.54 लाख किसानों के खातों में 1460.25 करोड़ की राशि करेंगे अंतरित

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 19 जुलाई को भोपाल जिले के जगदीशपुर से 10.54 लाख…

6 hours ago
मुख्यमंत्री डॉ. यादव की अध्यक्षता में जगदीशपुर में होगी कैबिनेट की बैठक

मुख्यमंत्री डॉ. यादव की अध्यक्षता में जगदीशपुर में होगी कैबिनेट की बैठक

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में 19 जुलाई, रविवार को जगदीशपुर में होने…

6 hours ago
नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0 अभियान को मिल रहा जनसमर्थन, तीसरे दिन प्रदेशभर में 1100 से अधिक कार्यक्रम आयोजित

नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0 अभियान को मिल रहा जनसमर्थन, तीसरे दिन प्रदेशभर में 1100 से अधिक कार्यक्रम आयोजित

भोपाल मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा प्रदेशभर में संचालित 'नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0' जनजागरूकता अभियान…

6 hours ago