खैरागढ़. प्रदेश में सरकार बदलने के बाद अब सत्तापक्ष से मनोनीत कई माननीय भी इसकी चपेट में आकर निपटेंगे। कांग्रेस सरकार में नगरपालिका में एल्डरमैन सहित विभिन्न विभागों में पदाधिकारी नियुक्त किए थे। सत्ता परिवर्तन के बाद ऐसे पदाधिकारी अब बदले जाएंगे। नगरपालिका में सरकार ने पांच एल्डरमैन नियुक्त किए थे। सरकार बदलने के बाद सबसे पहले गाज इन्ही पदाधिकारियों पर गिरेगी।भाजपा सरकार के सत्तासीन होते ही प्रदेश से नगरपालिका में नए एल्डरमैन नियुक्त किए जाएंगे।
कांग्रेस सरकार ने सालभर पहले ही मनराखन देवांगन, आरती यादव, किरण झा, पलाश सिंह रतनसिंगी को एल्डरमैन नियुक्त किया था । अब भाजपा की ओर से नए सदस्यों की नियुक्ति तय हो गई है । इसी तरह कांग्रेस सरकार ने कृषि उपज मंडी में अध्यक्ष उपाध्यक्ष सहित सदस्यों की नियुक्ति बिना चुनाव कराए ही कर दी थी। विधानसभा में खैरागढ़ और गंडई कृषि उपज मंडी में सरकार द्वारा की गई नियुक्ति भी जल्द रदद हो जाएगी। कृषि उपज मंडी को पदाधिकारियों ने कमाई का सबसे बड़ा अड्डा बना लिया था। अधिकारियों-कर्मचारियों को जमकर प्रताड़ना झेलनी पड़ी थी। अब प्रदेश में सत्ता परिवर्तन के बाद इसमें लगाम लगेगी।
इन पर भी गिरेगी गाज
कांग्रेस सरकार में कई विभागों में चांदी काटने वाले अधिकारी, कर्मचारी भी सत्ता परिवर्तन के बाद अपनी जगह बदलाने में जुट गए हैं। जिला निर्माण के पहले और बाद में स्थानीय स्तर पर कई विभागों में लोगों की शिकायतों पर कार्यवाही नहीं करने, अपने लोगों को फायदा पहुँचाने, सरकारी योजनाआें के क्रियान्चयन में मनमानी करने, जमकर वसूली की शिकायतें आम हो गई थीं। कई अधिकारियों-कर्मचारियों की शिकायतें सरकार और विभागों के उच्चाधिकारियों तक भी की गई लेकिन इन अधिकारियों कर्मचारियों की पकड़ के चलते ऐसे कर्मी अपने पदाें पर बैठे रहे।
शहर में सुगबुगाहट है कि सबसे ज्यादा राजस्व, लोकनिर्माण, शिक्षा, वन, पुलिस और जिला कार्यालय स्तर पर अधिकारियों-कर्मचारियों को हटाए जाने की तैयारी शुरू हो गई है। इसमें जिला स्तर से लेकर अनुविभाग और विभागीय प्रमुखों के नाम भी शामिल बताए जा रहे हैं। ऐसे अधिकारियों, कर्मचारियों पर हटाने के लिए जिला स्तर पर सूची भी बनाए जाने की तैयारी शुरू हो गई है । सत्ता परिवर्तन का असर अधिकारियों, कर्मचारियों पर भी दिख रहा है । मतगणना के बाद से कई अधिकारी अवकाश लेने का हवाला देकर अपने कार्यालय नही पहुंच रहे हैं। बताया गया कि अधिकारी राजधानी रायपुर जाकर नए सत्ताधीशाें से मेल-मुलाकात में जुट गए हैं।
