छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में एक इनामी नक्सली ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण किया है। नक्सली उड़ीसा बॉर्डर पर सक्रिय था। आत्मसमर्पित नक्सली कमांडर रैंक का होने के कारण इस पर 5 लाख रुपये का इनाम घोषित था।

पुलिस अधीक्षक दिव्यांग पटेल ने बताया कि छत्तीसगढ़ सरकार पुर्नवास नीति योजना चला रही है। नक्सलियों के खिलाफ चलाये जा रहे इस अभियान में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त हुई है। शासन की पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर एक नक्सली ने आत्मसमर्पण किया है। आत्मसमर्पित नक्सली का नाम चंदन दर्रो उर्फ जीवन उर्फ सागर (39) निवासी आलपरस जिला कांकेर बताया जा रहा है। यह  सीपीआई माओवादी संगठन अंतर्गत प्रतिबंधित माओवादी संगठन बरगढ़, बलांगीर, महासमुन्द डिवीजन अंतर्गत महासमुन्द पीपीसीएम संगठन में वर्ष 2008 से सक्रिय था। कमांडर रैंक का होने के कारण इस पर 05 लाख रुपये का इनाम घोषित है। पुलिस के सामने आत्मसमर्पण करने और पुलिस अधीक्षक दिव्यांग पटेल ने आत्मसमर्पित नक्सली को प्रोत्साहन राशि 25000 प्रदान की है।

2008 से था सक्रिय
नक्सली चंदन सीएनएम संगठन में कार्य कर रहा था। सन 2008 में बाल संघम के रूप में भर्ती हुआ। 2008-09 में एक साल रावघाट एलजीएस में कार्य किया। वर्ष 2009 में वरगढ़ बलांगीर, महासमुंद डिवीजन अंतर्गत बरगढ़ पीसीसी भेजा गया, जहां दल सदस्य के रूप वर्ष 2009-2012 तक कार्य किया। वर्ष 2011 पदोन्नत होकर प्लाटून पार्टी कमेटी सदस्य बनाया गया। वर्ष 2011-12 तक पीपीसी बरगढ़ में कार्य किया।  वर्ष 2012 में बरगढ़ से महासमुन्द पीपीसी भेजा गया, जहां 2012-22 तक महासमुंद पीपीसी सदस्य के रूप में कार्य किया। यहां बलांगीर, बरगढ़, महासमुन्द प्रभारी एसजेडसी पाण्डू उर्फ प्रमोद के सुरक्षा गार्ड में भी रहा।

इन बड़ी घटनाओं में था सक्रिय
आत्मसमर्पित नक्सली चंदन कई बड़ी नक्सली वारदातों में शामिल रहा है, जिसमें प्रमुख रूप से जुलाई 2011 में हुए बरगढ़ पहाड़ी में पुलिस नक्सली मुठभेड़, वर्ष 2012 में बरगढ़ पहाड़ी में पुलिस नक्सली मुठभेड़, जुन 2012 में महासमुंद अंतर्गत ग्राम गुमद में पुलिस नक्सली मुठभेड़ शामिल हैं। इसमें मोहन (DVC) मैनपुर एरिया कमेटी कमाण्डर मारा गया। मई 2017 में बलांगीर अंतर्गत ग्राम बम्हनीदुआरा में पुलिस नक्सली मुठभेड़ में शामिल रहा है।

By kgnews

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *