दुर्ग । जिले में कानून व्यवस्था को लेकर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल ने बड़ा कदम उठाया है। जुआ-सट्टा, अवैध शराब और नशे के मामलों में ढिलाई बरतने पर नंदिनीनगर थाना प्रभारी भानू प्रताप साव को सस्पेंड कर दिया गया है। इसके साथ ही जिले के छावनी थाना प्रभारी को थाना से हटाकर उन्हें ट्रैफिक विभाग में भेज दिया गया है। वहीं, पुलगांव थाना प्रभारी अमित अंदानी को छावनी थाने की जिम्मेदारी दी गई है। इसके अलावा 6 पुलिस अधिकारियों का तबादला भी किया गया है। शनिवार रात को आदेश जारी किया गया है।
नंदिनी नगर थाना प्रभारी भानू प्रताप साव को सस्पेंड कर दिया गया है। इनके लिए अलग से आदेश जारी किया गया है। आदेश में कहा गया है कि सभी थाना प्रभारियों को अवैध शराब, नशीले पदार्थ और जुआ-सट्टा के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद नंदिनीनगर थाना क्षेत्र में इन गतिविधियों पर रोक नहीं लग पा रही थी। इसी दौरान एसीसीयू की टीम ने इलाके में दबिश देकर कई मामलों में कार्रवाई की।
साल 2026 में एसीसीयू की रेड में आबकारी एक्ट के 4 मामले, एनडीपीएस एक्ट का 1 मामला, सट्टा एक्ट के 4 मामले और जुआ एक्ट का 1 प्रकरण दर्ज किया गया। बाहरी टीम की कार्रवाई के बाद स्थानीय थाना प्रभारी की कार्यशैली पर सवाल उठे। जांच में पाया गया कि थाना प्रभारी अपने इलाके में अवैध गतिविधियों को रोकने में सक्रिय नहीं थे और वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशों का ठीक से पालन नहीं कर रहे थे। इसे लापरवाही मानते हुए एसएसपी विजय अग्रवाल ने भानू प्रताप साव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर रक्षित केंद्र दुर्ग भेज दिया है।
