उज्जैन
 उज्जैन नगर निगम ने गुरुवार को शिप्रा नदी के किनारे राम घाट पर स्थित प्राचीन मंदिर के कुुंड से कीचड़ बाहर निकाला। ये कीचड़ गत वर्ष वर्षाकाल समाप्त होने के बाद से अब तक यानी लगभग छह माह से कुंड में भरा पड़ा था। ‘नईदुनिया’ ने मामला संज्ञान में लेकर 13 अप्रैल को प्रकाशित किया था। अफसरों ने मामला गंभीर जान कुंड की सफाई की। हालांकि पुरातन महत्व के मंदिर पर लगाया निजी फ्लैक्स नहीं हटाया गया।

मालूम हो कि राम घाट, पर्यटन स्थलों में शुमार है। यहां दुनियाभर से लोग स्नान एवं पितृकर्म करने आते हैं। घाट पर लगभग 80 प्राचीन मंदिर हैं, जिनकी देखरेख न होने से उनका पुरातन स्वरूप खो सा गया है। कुछ मंदिरों पर पंडे-पुजारियों ने फ्लैक्स तक टांग दिए हैं।

डेढ़ वर्ष पहले उज्जैन समार्ट सिटी कंपनी ने 13 करोड़ रुपये से राम घाट के सभी मंदिरों सहित दीवार और पहुंच मार्ग का सुधारण एवं सुंदरीकरण कार्य शुरू कराया था, जो प्रोजेक्ट में खामियां सामने आने के बाद महीनेभर काम चलाकर बंद कर दिया था। ये प्रोजेक्ट अभी कुछ दिन पहले ही स्मार्ट सिटी कंपनी ने निरस्त कर दिया। कहा गया कि नए सिरे से योजना बनाकर अब सिंहस्थ मद से रामघाट का पुरातन स्वरूप में सुंदरीकरण कराएंगे।

By kgnews

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *