राजनांदगांव , जिला अस्पताल परिसर में संचालित 100 बेड मदर एंड चाइल्ड केयर यूनिट (एमसीसीयू) में ओपीडी पर्ची बनाने के साथ दवा काउंटर की सुविधा दी गई है। इससे गर्भवतियों और बच्चों का इलाज कराने पहुंचे परिजनों को इस भवन से जिला अस्पताल के पुराने भवन में मौजूद ओपीडी और दवा काउंटर तक बार-बार नहीं जाना पड़ेगा। मरीजों और परिजनों को दौड़-भाग करने से राहत मिलेगी। अब एक भवन और एक छत के नीचे दोनों सुविधा रहेगी। ओपीडी पंजीयन काउंटर में एक स्टाफ और दवा काउंटर में फार्मासिस्ट की ड्यूटी लगाई गई है।
पहले पुराने भवन की ओपीडी पर्ची काउंटर में लगी लंबी कतार में ओपीडी पर्ची बनानी पड़ती थी। फिर गर्भवतियों एवं बच्चों को मातृ-शिशु केन्द्र में लेकर जाना पड़ता था। अब सीधे मातृ-शिशु अस्पताल में ओपीडी पर्ची बना कर वहीं जांच एवं इलाज कराने के बाद उसी भवन के नए दवा काउंटर में दवाएं मिलेगी। मरीजों और परिजनों को दवा लेने पुराने भवन के दवा काउंटर में नहीं जाना पड़ेगा। गर्भवतियों और बच्चों का इलाज कराने पहुंचे परिजनों की समस्या को देख जिला अस्पताल प्रबंधन ने मातृ-शिशु अस्पताल में दवा काउंटर खोला है।
गर्भवती व मरीजों को दवा लेने दूर नहीं जाना होगा जिला अस्पताल के सिविल सर्जन महेन्द्र प्रसाद ने बताया कि अब यहां आने वाले बीमार बच्चों, गर्भवतियों और प्रसूताओं को दवा लेने पुराने अस्पताल भवन तक जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। पहले मरीजों को ओपीडी के बाद दवा लेने पुराने भवन तक जाना पड़ता था, जिससे समय और परेशानी दोनों बढ़ जाती थी। कई बार दूरी और देरी के कारण मरीज दवा नहीं ले पाते थे। शिकायतों को देखते हुए प्रबंधन ने यह अहम निर्णय लिया, जिससे अब मरीजों को एक स्थान पर सभी सुविधाएं मिल रही हैं।
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