राजनांदगांव , टीईटी की अनिवार्यता, वेतन विसंगति दूर करने और सात सूत्रीय मांगों पर छत्तीसगढ़ सहायक शिक्षक, समग्र शिक्षक फेडरेशन ने राजधानी रायपुर में एक दिवसीय हड़ताल, धरना-प्रदर्शन और विधानसभा घेराव किया गया। इसमें जिले से बड़ी संख्या में शिक्षक शामिल रहे। स्कूलों में पढ़ाई-लिखाई और मध्याह्न व्यवस्था ठप रही। स्कूल आने वाले बच्चे खेलने के बाद वापस लौट गए। जिले में सहायक शिक्षकों की संख्या करीब 2500 है ऐसे में हड़ताल का स्कूलों में असर देखने को मिला।
फेडरेशन के प्रांतीय आह्वान पर आयोजित आंदोलन में शिक्षकों ने तूता मैदान में सभा के बाद विधानसभा घेराव कर अपनी सात सूत्रीय मांगों के समर्थन में प्रदर्शन किया। फेडरेशन का कहना है कि लंबे समय से लंबित मांगों पर सरकार की ओर से ठोस निर्णय नहीं होने के कारण आंदोलन करना पड़ा। उन्होंने विधानसभा चुनाव के दौरान किए गए वादों को पूरा करने और शिक्षकों की मांगों पर शीघ्र निर्णय लेने की मांग की। चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो भविष्य में इससे भी व्यापक आंदोलन किया जाएगा। जिले से जिलाध्यक्ष रमेश साहू, ओमप्रकाश साहू, अमिताभ दुफारे सहित बड़ी संख्या में शिक्षक शामिल रहे।
इन मांगों पर राजधानी में जिले के शिक्षकों का प्रदर्शन: टीईटी की अनिवार्यता समाप्त कर वर्तमान शिक्षकों के लिए विभागीय परीक्षा की व्यवस्था, प्रथम नियुक्ति तिथि से सेवा गणना कर वेतन विसंगति दूर कर क्रमोन्नति का लाभ, पदोन्नति में वरिष्ठता का पालन, टीईटी की समय-सीमा 30 अगस्त 2028 तक बढ़ाने, प्रथम नियुक्ति तिथि से सभी सेवा लाभ देने, एकल शिक्षकीय स्कूलों में अतिरिक्त शिक्षकों की नियुक्ति, वीएसके एप की तकनीकी समस्याएं दूर होने तक ऑनलाइन उपस्थिति को वेतन से नहीं जोड़ने की मांग की गई।
रायपुर. ट्रेनों में चोरी करते कई बार चोर पकड़े जाते हैं, लेकिन आजाद हिंद एक्सप्रेस…
भोपाल. शहर में कॉलोनी विकास और भवन अनुज्ञा से जुड़े मामलों के त्वरित निराकरण के…
रायपुर राज्य के किसान लाभकारी फसलों की तरफ बढ़ रहे है जिससे उनकी आमदनी में…
कांकेर. कांकेर जिले में धर्मांतरित व्यक्तियों के शव दफन को लेकर विवाद थमने का नाम…
इंदौर. छोटा गणपति मेट्रो स्टेशन निर्माण के कारण महंत कॉम्प्लेक्स के रहवासियों के विरोध के…
भितरवार डबरा-भितरवार मुख्य मार्ग पर भितरवार प्रवेश द्वार के पास शनिवार-रविवार की दरमियानी रात एक…