– आने वाले पीढिय़ों के लिए जल उपलब्धता सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण होंगे ऐसे प्रयास
– कलेक्टर ने ग्रामीणों की मांग पर पचरी निर्माण के लिए तकनीकी स्वीकृति तैयार करने के दिए निर्देश
राजनांदगांव । कलेक्टर जितेन्द्र यादव ने आज छुरिया विकासखंड के ग्राम घुपसाल पहुंचकर जल संरक्षण एवं संवर्धन को बढ़ावा देने हेतु ग्रामीणों द्वारा किए जा रहे नाला बोरी बंधान कार्य का अवलोकन किया। उन्होंने श्रमदान कर रहे ग्रामीणों के प्रयासों की सराहना की और जल संरक्षण के लिए सामुदायिक भागीदारी को अत्यंत महत्वपूर्ण बताया। इस दौरान जिला पंचायत अध्यक्ष किरण वैष्णव एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुरूचि सिंह भी उपस्थित थी।
कलेक्टर ने कहा कि वर्षा जल के अधिकतम संचयन के लिए सामुदायिक सहभागिता अनिवार्य है। उन्होंने ग्रामीणों की मांग पर नाला के ऊपर पचरी निर्माण के लिए तकनीकी स्वीकृति (टीएस) तैयार करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। ग्रामीणों ने बताया कि नाला लगभग 3 किलोमीटर से अधिक लंबा है और बोरी बंधान के माध्यम से पानी रोकने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे जल संरक्षण के साथ-साथ निस्तारी कार्यों में भी पानी का उपयोग किया जा सकेगा। कलेक्टर ने कहा कि वर्तमान समय में जल संरक्षण अत्यंत आवश्यक हो गया है। बोरी बंधान जैसे सरल एवं प्रभावी उपायों से वर्षा जल को संरक्षित कर भू-जल स्तर को बढ़ाया जा सकता है। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे इस प्रकार के कार्यों में नियमित रूप से सहभागिता सुनिश्चित करें तथा अपने गांव में जल संरक्षण की दिशा में निरंतर प्रयास करें। उन्होंने कहा कि इस तरह के प्रयास आने वाली पीढिय़ों के लिए जल उपलब्धता सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। इस दौरान सीईओ छुरिया होरी लाल साहू, सरपंच नरेश शुक्ला, जनप्रतिनिधिगण एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।








