डोंगरगांव नगर की यातायात व्यवस्था को सुधारने की नगर पंचायत की कवायद एक बार फिर मजाक बन कर रह गई है। गुरुवार सुबह नगर पंचायत की टीम सीएमओ के नेतृत्व में नगर के प्रमुख बाजारों में उतरी और दुकानों के सामने सफेद चूने से रेखा खींच दी। उम्मीद थी कि व्यापारी इस रेखा का सम्मान करेंगे और फुटपाथ व सड़क पर अतिक्रमण नहीं करेंगे।
लेकिन कुछ ही घंटों में व्यापारियों ने इस रेखा को लांघते हुए व्यवस्था को अपने हिसाब से तोड़-मरोड़ डाला। चौंकाने वाली बात यह है कि नगर की यातायात व्यवस्था को सुधारने के लिए खुद व्यापारियों के संगठन ने ही नगर पंचायत और एसडीएम को पत्र लिखा था। बैठक में यह तय हुआ कि सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा और व्यापारी अपना सामान दुकान के अंदर तक सीमित रखेंगे। लेकिन धरातल पर न नीयत दिखी, न नियम का पालन।
सामान जब्त किया जाएगा: मुख्य नगर पंचायत अधिकारी विनम्र जेमा ने कहा कि नपं ने दावा किया है कि रेखा के बाहर फैलाए गए सामान पर अब सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन के सहयोग से अतिक्रमण हटाया जाएगा और सामान जब्ती की प्रक्रिया भी अपनाई जाएगी।
नवीन बाजार में पैदल चलना भी बना चुनौती नवीन बाजार की स्थिति सबसे खराब है। दुकानों के आगे बेतरतीब ढंग से पसरा सामान, सड़क पर खड़ी बाइक और ट्रॉलियों के कारण दोपहिया वाहन तो छोड़िए, पैदल निकलना भी मुसीबत बन चुका है। चूने की मार्किंग को दुकानदारों ने सामान बाहर निकालकर दबा दिया गया है। व्यापारियों की मनमानी चरम पर है। नपं ने भारी वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया है, दिनभर ट्रक और अन्य वाहन सड़कों पर घूमते देखे जा सकते हैं। न कोई निगरानी, न चालानी कार्रवाई, प्रशासन की निष्क्रियता झलक रही है।
