राजनांदगांव , जिले में प्री मानसून बारिश बेहद निराशाजनक रही है। 1 से 15 जून तक की स्थिति प्री मानसून बारिश की मानी जाती है। जिले में अब तक सिर्फ 1 मिमी. ही औसत बारिश दर्ज हुई है। यह इन दिनों की औसत बारिश से 97 फीसदी कम है।
प्री मानसून पीरियड में जिले की औसत बारिश 36. 2 मिमी. रहती है। लेकिन इस बार प्री मानसून सिस्टम बेहद कमजोर स्थिति में हैं। आसमान में बादल छा रहे हैं। लेकिन बारिश नहीं हो रही है। इधर दक्षिण पश्चिम मानसून भी जिले में पांच साल में दूसरी बार पिछड़ गया है। आमतौर पर जिले में मानसून 16 से 18 जून के बीच प्रभावी होता है। लेकिन मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक इस बार 21 जून के बाद ही मानसून प्रभावी होगा।
इसकी वजह मानसूनी हवा की कमजोर गति है। मौसम विज्ञानी एचपी चंद्रा ने बताया कि मानसूनी हवा काफी धीमी हो गई है। जो हवा आ रही है, उसमें भी नमी की मात्रा काफी कम है। इसकी वजह से बादल भी कमजोर स्थिति में हैं। आईएमडी के मुताबिक 21 जून के बाद ही अच्छी बारिश की स्थिति निर्मित होगी। जानकारी के अनुसार 2021 में 13 जून को 2022 में 16 जून को 2023 में 22 जून, 2024 में 18 जून, 2025 में 16 जून को मानसून की आमद हुई।
दो द्रोणिका के मजबूती की उम्मीद पर टिकी बारिश: प्री मानसून सिस्टम में बंगाल की खाड़ी में बनने वाले लो प्रेशर एरिया और दक्षिण – पश्चिम से आने वाली नमी युक्त हवा की भूमिका अधिक रहती है। लेकिन फिलहाल दोनों की स्थिति कमजोर है। मौसम विभाग ने बताया कि बारिश को लेकर दो द्रोणिका सक्रिय है। इसमें एक पंजाब से बिहार तक फैली है। दूसरी दक्षिण छग तक विस्तारित है। इससे छग के कई हिस्सों में तेज बारिश हो सकती है।
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