नीमच
नीमच में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक महिला सरपंच ने अपनी सरपंची गिरवी रख दी है। महिला सरपंच ने स्टांप पेपर पर साइन कर ठेकेदार को सरपंच पद दे दिया है। वो भी महज 500 रुपए के लिए है। दरअसल, ग्राम पंचायत दाता की सरपंच कैलाशीबाई कछावा ने 500 रुपए के स्टांप पर गांव के ही सुरेश गरासिया को सरपंची सौंप दी। इस तरह का अनुबंध करने का यह देश का पहला मामला माना जा रहा है। इधर जनपद पंचायत के अधिकारियों ने बोला कि सरपंच को नोटिस जारी करेंगे।
24 जनवरी को दिया गया है अनुबंध
यह अनुबंध 24 जनवरी को किया गया। इसमें गवाह के रूप में गांव के सदाराम, मनालाल और सुरेश के हस्ताक्षर हैं। साथ ही, सरपंच की सील और हस्ताक्षर भी मौजूद हैं। अनुबंध में लिखा गया कि मनरेगा, पीएम आवास, वाटरशेड सहित शासन के सभी कार्य सुरेश गरासिया देखेंगे। शर्तों का उल्लंघन होने पर चार गुना हर्जाना भरने की बात भी लिखी गई है।
निर्माण कार्यों के लिए किया गया कॉन्ट्रैक्ट
सरपंच के पति जगदीश कछावा ने कहा कि यह अनुबंध केवल निर्माण कार्यों को लेकर किया गया था। सरपंची के अधिकारों से जुड़ा कोई अनुबंध नहीं हुआ। वहीं, सुरेश गरासिया ने कहा कि उन्होंने कोई अनुबंध नहीं किया। वह ठेकेदार हैं और सात पंचायतों में ठेकेदारी करते हैं।
सरपंच को पद से हटाया जाएगा
जिला पंचायत सीईओ अमन वैष्णव ने कहा कि यदि ऐसा हुआ है तो सरपंच को पद से हटाया जाएगा। मामला संज्ञान में आ चुका है।
मैं कार्य करने में हूं असमर्थ
सरपंच कैलाशीबाई ने अनुबंध में लिखा कि वह अपने कार्य करने में असमर्थ हैं। इसलिए अपने सारे दायित्व और कर्तव्य सुरेश गरासिया को सौंप रही हैं। अब पंचायत के सभी काम वही देखेंगे। उन्हें इस पर कोई आपत्ति नहीं होगी। जहां सुरेश कहेंगे, वहां वह अपने हस्ताक्षर करेंगी।
जशपुर । छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में अवैध हथियारों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान…
तीन दिवसीय अभियान में 6647 आयुष्मान व 858 वय वंदन कार्ड बनाए गए सूरजपुर ।…
दुर्ग । छ.ग. शासन खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा प्रतिवर्षनुसार खिलाड़ियों/प्रशिक्षकों / निर्णायकों को…
दुर्ग । जिले में 1 जून 2026 से 18 जुलाई 2026 तक 331.5 मिमी औसत…
जल संरक्षण पर दिया विशेष जोर बेमेतरा । जनपद पंचायत साजा मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ)…
जगदलपुर । बस्तर में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के…