उत्तर बस्तर कांकेर, विगत दिनों सोशल एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के जरिए जिले के कोयलीबेड़ा विकासखण्ड की ग्राम पंचायत गोण्डाहूर के आश्रित ग्राम (बसाहट) मातालकुडुम के ग्रामीणों द्वारा झरिया का पानी पेयजल के तौर पर उपयोग करने का मामला आया था।
कलेक्टर निलेशकुमार महादेव क्षीरसागर ने उक्त प्रकरण को तत्काल संज्ञान में लेते हुए ग्राम मातालकुडुम में स्थापित हैण्डपंप को लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा सुधारा गया, जिसके पश्चात उक्त हैण्डपंप से वर्तमान में पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित हो रही है।
साथ ही कलेक्टर के द्वारा एक अतिरिक्त हैण्डपंप खनन के लिए विभाग के कार्यपालन अभियंता को निर्देशित किया गया। उक्त ग्राम (बसाहट) में लगभग 15 परिवार निवासरत हैं।
कोरबा । उच्चतम न्यायालय द्वारा आयोजित किये जा रहे समाधान समारोह (दिनांक 21, 22, एवं…
सुकमा । जिले में आम जनता की समस्याओं के त्वरित और गुणवत्तापूर्ण निराकरण के लिए…
रायपुर । छत्तीसगढ़ की लोक कला, संस्कृति, हस्तशिल्प और आधुनिक रचनात्मकता के संगम का प्रतीक…
दुर्ग. जिले में प्रस्तावित ईस्ट-वेस्ट डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर ( डंकुनी – सूरत) परियोजना के निर्माण…
रायपुर । छत्तीसगढ़ की लोक कला, संस्कृति, हस्तशिल्प और आधुनिक रचनात्मकता के संगम का प्रतीक…
रायपुर । मालवीय रोड स्थित आदिनाथ दिगंबर जैन बड़ा मंदिर में 10 दिनों से चल…