होलकर कॉलेज हेरिटेज बिल्डिंग के लिए दावेदारी करने जा रहा 

इंदौर

साइंस स्ट्रीम के लिए न सिर्फ इंदौर बल्कि प्रदेशभर के विद्यार्थियों की प्राथमिकता रहने वाला होलकर कॉलेज अब हेरिटेज बिल्डिंग के लिए भी दावेदारी करने जा रहा है। नैक के आगामी नतीजों के तुरंत बाद इसके लिए आवेदन कर दिया जाएगा।

कॉलेज के गौरवशाली इतिहास के साथ ही पुरातनकालीन भवन की खूबियां निखारने का काम शुरू हो चुका है। यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन (यूजीसी) ने इससे पहले 2015 में सौ साल पूरे कर चुके कॉलेजों को हेरिटेज घोषित करने के लिए आवेदन बुलाए थे। उस समय होलकर कॉलेज ने भी दावा पेश किया लेकिन तब नैक की ए ग्रेड नहीं होने से दावेदारी खारिज हो गई। अभी कॉलेज के पास ए ग्रेड है और जुलाई के बाद प्रस्तावित आगामी नैक के दौरे के बाद कम से कम ए प्लस मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। इस आधार पर कॉलेज ने फिर से हेरिटेज का दर्जा पाने के लिए तैयारी शुरू की है। हेरिटेज का दर्जा मिलने पर पांच करोड़ रुपए तक का अनुदान दिया जाता है।

मालूम हो, कॉलेज को यूरोपियन आर्किटेक्चर एंड कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस का भी दर्जा हासिल है। कॉलेज के प्रशासनिक अधिकारी प्रो.आरसी दीक्षित ने बताया कि कॉलेज की शुरुआत से लेकर अब तक का इतिहास बेहद गौरवशाली रहा है। उस दौर में निर्मित भवन आज के दौर की सिविल इंजीनियरिंग को भी मात देते है। इसे हेरिटेज का दर्जा दिलाने के लिए यूजीसी को दोबारा प्रस्ताव भेजा जाएगा।

1891 में हुई थी स्थापना
होलकर कॉलेज की स्थापना तत्कालीन शासक महाराजा शिवाजीराव होलकर ने10 जून 1891 को की थी। शुरुआत में इसकी कक्षा शिवाजीराव स्कूल में लगी। तब साइंस के साथ आट्र्स और कॉमर्स संकाय भी यही पढ़ाया जाता था। 1894 में एबी रोड का भवन तैयार हुआ। ये कॉलेज 1904 तक कोलकाता विवि से संबद्ध रहा। बाद में आट्र्स और कॉमर्स संकाय के कोर्स जीएसीसी शिफ्फट कर दिए गए। होलकर को 1985 में सरकार ने इसे मॉडल कॉलेज का दर्जा दिया।

See also  मध्यप्रदेश के मुख्य प्रशिक्षक शिव कुमार प्रसाद को अंतर्राष्ट्रीय चयन समिति में मिली महत्वपूर्ण जिम्मेदारी

होलकर कॉलेज प्रदेश के प्रतिष्ठित कॉलेजों में शामिल है। जुलाई के बाद कॉलेज में नैक का दौरा है। नैक की ग्रेडिंग में सुधार करने के साथ इस बार कॉलेज को हेरिटेज का दर्जा दिलाने के लिए पूरे प्रयास किए जा रहे है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *