प्री-वेडिंग शूट के बाद अब ‘जूता चोरी’ पर रोक, सेन समाज ने शादी की रस्मों पर लगाई पाबंदी; सगाई के बाद फोन कॉल भी बंद

 बालोद/रायपुर

छत्तीसगढ़ में सामाजिक संस्थाएं अब शादियों में बढ़ते खर्च और पारिवारिक विवादों को रोकने के लिए 'रेगुलेटर' की भूमिका में आ गई हैं. साहू समाज द्वारा प्री-वेडिंग शूट पर प्रतिबंध लगाने के बाद, अब राज्य के सेन समुदाय ने बालोद में कई सख्त नियमों का ऐलान किया है।

सेन समुदाय ने शादियों में पारंपरिक 'जूता चुराई' रस्म पर रोक और सगाई के बाद दूल्हा-दुल्हन के बीच निजी बातचीत पर प्रतिबंध शामिल है. ये फैसले बालोद जिले में सेन समुदाय की जिला स्तरीय बैठक में लिए गए, जहां नेताओं ने शादी के बढ़ते खर्च, पारिवारिक विवादों और सगाई टूटने के मामलों पर चिंता जताई।

सबसे चर्चित फैसला ‘जूता चुराई’ रस्म पर रोक है. यह रस्म उत्तर भारत की कई शादियों में आम है, जिसमें दुल्हन की बहनें या रिश्तेदार दूल्हे के जूते छिपाकर पैसे मांगते हैं. समुदाय के नेताओं के अनुसार, यह रस्म कभी-कभी दोनों परिवारों के बीच बहस या असहज बातचीत का कारण बन जाती है. इसलिए समुदाय ने इसे हतोत्साहित कर प्रभावी रूप से प्रतिबंधित करने का फैसला किया है।

एक अन्य महत्वपूर्ण नियम सगाई के बाद दूल्हा-दुल्हन के बीच फोन पर निजी बातचीत पर रोक है. समुदाय के प्रतिनिधियों ने कहा कि हाल के कई मामलों में बार-बार फोन पर बातचीत से गलतफहमियां हुईं और सगाई टूट गई. नए नियम के तहत यदि बातचीत जरूरी हो तो परिवार के सदस्यों की मौजूदगी में ही बात हो सकती है।

बैठक में प्री-वेडिंग समारोहों को सीमित करने पर भी जोर दिया गया. दिशानिर्देशों के अनुसार, सगाई में दूल्हे पक्ष से सिर्फ 15-20 लोग ही शामिल होंगे. इससे समारोह सरल रहेंगे और परिवारों पर आर्थिक बोझ कम होगा।

समुदाय ने यह भी जोर दिया कि शादियां सही मुहूर्त में ही होनी चाहिए. साथ ही पर्यावरण-अनुकूल प्रथाओं को बढ़ावा दिया गया है. शादी के भोज में प्लास्टिक के बजाय पारंपरिक पत्तल पर भोजन परोसने की सलाह दी गई है।

एक अन्य फैसले में कहा गया कि यदि कोई परिवार किसी अन्य धर्म में परिवर्तन करता है, तो समुदाय में सामाजिक परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं, जिसमें सामाजिक बहिष्कार और वैवाहिक संबंधों पर रोक शामिल है।

समुदाय के प्रतिनिधियों ने कहा कि ये फैसले बुजुर्गों और सामाजिक नेताओं के बीच चर्चा के बाद लिए गए हैं, ताकि पारंपरिक मूल्यों को संरक्षित रखा जा सके और शादियों के दौरान परिवारों के बीच विवाद न हों. इन दिशानिर्देशों का उद्देश्य शादियों में अनुशासन, सादगी और सद्भाव को बढ़ावा देना है।

कुछ सदस्यों ने इन फैसलों का स्वागत किया है, लेकिन युवाओं में बहस छिड़ गई है. कई का मानना है कि शादी से पहले बातचीत से एक-दूसरे को बेहतर समझने में मदद मिलती है, जबकि अन्य मानते हैं कि ये नियम गलतफहमियां रोकेंगे और सामाजिक मूल्यों को बचाएंगे।

गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ में सेन समाज की आबादी लगभग 2.25 लाख है और यह अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के अंतर्गत आता है. फिलहाल ये नियम बालोद जिले के लिए हैं, लेकिन जल्द ही इन्हें पूरे प्रदेश में लागू करने की योजना है।

Admin

Recent Posts

राष्ट्रपति मुर्मु ने ओंकारेश्वर तीर्थ और ज्योतिर्लिंग ममलेश्वर के दर्शन कर किया अभिषेक

राष्ट्रपति मुर्मु ने ओंकारेश्वर तीर्थ और ज्योतिर्लिंग ममलेश्वर के दर्शन कर किया अभिषेक

भोपाल  राष्ट्रपति  द्रौपदी मुर्मु ने गुरुवार को म.प्र. यात्रा के पहले दिन तीर्थ नगरी ओंकारेश्वर…

9 hours ago
भिंड के डायल-112 हीरोज परिजनों से बिछड़े 03 वर्षीय मासूम को सुरक्षित तलाश कर परिवार से मिलाया

भिंड के डायल-112 हीरोज परिजनों से बिछड़े 03 वर्षीय मासूम को सुरक्षित तलाश कर परिवार से मिलाया

भोपाल  भिंड जिले के थाना कोतवाली क्षेत्र में डायल-112 जवानों की संवेदनशीलता एवं तत्पर कार्यवाही…

9 hours ago
एमपी में पकड़े गए आरोपियों के पाकिस्तान कनेक्शन की जांच तेज, आतंकी ट्रेनिंग भेजने की थी साजिश

एमपी में पकड़े गए आरोपियों के पाकिस्तान कनेक्शन की जांच तेज, आतंकी ट्रेनिंग भेजने की थी साजिश

भोपाल  देश विरोधी गतिविधियों के आरोपितों से पूछताछ में मप्र आतंकवाद निरोधी दस्ता (एटीएस) को…

9 hours ago
विश्व योग एवं संगीत दिवस: सुर-ताल और कला के त्रिवेणी संगम से महकेगा मध्यप्रदेश, 14 स्थानों पर होंगे भव्य आयोजन

विश्व योग एवं संगीत दिवस: सुर-ताल और कला के त्रिवेणी संगम से महकेगा मध्यप्रदेश, 14 स्थानों पर होंगे भव्य आयोजन

भोपाल  मध्यप्रदेश शासन के संस्कृति विभाग द्वारा आगामी 21 जून 2026 को 'विश्व योग एवं…

9 hours ago
तालाब एवं जल स्रोतों को करेंगे अतिक्रमण मुक्त‍: मुख्‍यमंत्री डॉ. यादव

तालाब एवं जल स्रोतों को करेंगे अतिक्रमण मुक्त‍: मुख्‍यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल जल गंगा संवर्धन अभियान मुख्‍यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि शहर के…

9 hours ago
विज्ञान-प्रौद्योगिकी क्षेत्र में निवेश परियोजनाओं पर हो तेज अमल : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

विज्ञान-प्रौद्योगिकी क्षेत्र में निवेश परियोजनाओं पर हो तेज अमल : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि विज्ञान और प्रौद्योगिकी भविष्य में अर्थव्यवस्था…

9 hours ago