CG : शपथ-पत्र बनाया AI से, चीफ जस्टिस ने सिम्स मैनेजमेंट को लगाई फटकार …
बिलासपुर। CIMS (छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान) की खराब व्यवस्था और बुनियादी सुविधाओं की कमी को लेकर चल रही जनहित याचिका पर स्वास्थ्य-परिवार कल्याण विभाग के सचिव ने हाईकोर्ट में शपथ पत्र पेश किया, जिसे देखकर चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा भड़क गए।Law News Updates चीफ जस्टिस ने कहा कि शपथ पत्र के कई हिस्सों में एक जैसी बातें बार-बार लिखी गई हैं। इसे देखकर ऐसा लगता है कि यह AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) से तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि दस्तावेज देखने में बहुत साफ-सुथरा और व्यवस्थित है, लेकिन इससे जमीनी सच्चाई नहीं बदल जाती। कोर्ट ने कहा कि अगर अस्पताल में सब कुछ ठीक होता, तो मामला हाईकोर्ट तक पहुंचता ही नहीं। सरकार और विभाग को असली स्थिति बतानी चाहिए, न कि कोर्ट को गुमराह करने की कोशिश करनी चाहिए।
कोर्ट ने यह भी कहा कि जरूरतमंद को इलाज मिलेगा, तो उसकी दुआ मिलेगी। सुनवाई के दौरान कोर्ट कमिश्नर ने भी पहले शपथ पत्र AI से तैयार किए जाने की आशंका जताई थी। सुनवाई के दौरान कोर्ट में मार्च और अप्रैल में किए गए निरीक्षण की रिपोर्ट का भी जिक्र किया गया। कोर्ट कमिश्नरों ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि CIMS में पानी के रिसाव की गंभीर समस्या है। दो दिन पहले ही अस्पताल के कई हिस्सों में पानी भर गया था। इसके अलावा फायर फाइटिंग सिस्टम भी लंबे समय से बंद पड़ा था। इस पर शासन ने बताया कि 15 जून 2026 को फायर फाइटिंग सिस्टम की मरम्मत के लिए आदेश जारी कर काम शुरू करा दिया गया है। फिलहाल मरम्मत का काम तेजी से चल रहा है।
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