बिलासपुर । जिले के सिरगिट्टी क्षेत्र में एक निर्माणाधीन मकान में अवैध बिजली कनेक्शन और लापरवाही ने एक मासूम की जान ले ली। यह हादसा उस समय हुआ जब परिवार मकान में नहाने के लिए था। मासूम बच्ची की मौत के बाद उसके माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है। मिली जानकारी के अनुसार, रोज़ी-मजदूरी करने वाले रमेश सिंह अपने परिवार के साथ उस निर्माणाधीन मकान में चौकीदारी का काम कर रहे थे। इसी दौरान उनकी 5 वर्षीय बेटी नहाने के समय खुले बिजली के तार की चपेट में आ गई। बच्ची को तड़पता देख पिता रमेश और उनकी पत्नी भी करंट की चपेट में आ गए और गंभीर रूप से झुलस गए।
पास के लोगों ने तुरंत तीनों को अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने मासूम बच्ची को मृत घोषित किया। पिता और मां को झुलसने के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। घटना के बाद जिला अस्पताल में हड़कंप मच गया। गमगीन परिजन बिना पोस्टमार्टम कराए बच्ची का शव ले जाने लगे। सूचना मिलते ही पुलिस सक्रिय हुई और परिजनों को समझाइश देकर दोबारा अस्पताल लाया गया। इसके बाद शव का पोस्टमार्टम संपन्न हुआ। पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया कि मकान में हुकिंग के जरिए सीधे बिजली ली जा रही थी, जो इस हादसे का मुख्य कारण बनी।
अधिकारियों ने कहा कि यह जानलेवा लापरवाही थी और इसके चलते मासूम बच्ची की जान चली गई। पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारी स्थल का निरीक्षण कर रहे हैं और यह पता लगाने का प्रयास कर रहे हैं कि मकान में अवैध कनेक्शन किसने लगाया था। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि सुरक्षा इंतजामों की कितनी कमी थी। स्थानीय लोग हादसे से सदमे में हैं। वे प्रशासन से यह मांग कर रहे हैं कि निर्माणाधीन मकानों और अवैध बिजली कनेक्शन पर कड़ी नजर रखी जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके। हादसे ने परिवार और गांव में शोक की लहर फैला दी है। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि बच्चों को ऐसे निर्माणाधीन और असुरक्षित स्थानों से दूर रखें। साथ ही सभी को बिजली से जुड़े खतरों के प्रति सतर्क रहने की चेतावनी दी है।

