अंबिकापुर। शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था अम्बिकापुर के प्राचार्य से प्राप्त जानकारी अनुसार शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था अम्बिकापुर द्वारा 27 अप्रैल 2026 को GENUS ENERGIZING LIVE द्वारा कैम्पस प्लेसमेंट आयोजित किया जा रहा है। जिसमें लगभग 100 पद टेक्निशीयन एवं सुपरवाईजर के है, जिसकी मासिक वेतन 15 हजार CTC$TA दिया जाएगा। शैक्षणिक योग्यता किसी भी ट्रेड से आई.टी.आई अथवा हायर सेकेण्डरी उत्तीर्ण है। इच्छुक उम्मीदवार 27 अप्रैल 2026 को शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था अम्बिकापुर में सुबह 10ः00 बजे उपस्थित होकर कैम्पस प्लेसमेंट में भाग ले सकते हैं।

जिले में बाल विवाह जैसी कुप्रथा के खिलाफ प्रशासन ने एक बार फिर सख्त और त्वरित कार्रवाई करते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 पर प्राप्त सूचना के आधार पर ग्राम कोडांगी (थाना खड़गवां), ग्राम पंचायत केलुआ एवं ग्राम पंचायत दुगला थाना केल्हारी में होने वाले बाल विवाह को समय रहते रोक दिया गया। सूचना मिलते ही कलेक्टर डी. राहुल वेंकट के निर्देश एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी आदित्य शर्मा के मार्गदर्शन में जिला बाल संरक्षण अधिकारी द्वारा तत्काल संयुक्त टीम का गठन किया गया। ब्लॉक परियोजना अधिकारी के नेतृत्व में गठित इस टीम में सेक्टर सुपरवाइजर, जिला बाल संरक्षण इकाई, चाइल्ड हेल्पलाइन, थाना केल्हारी एवं थाना खड़गवां का पुलिस बल, विधिक सेवा प्राधिकरण बैकुंठपुर के सदस्य, सरपंच और आंगनवाड़ी कार्यकर्ता शामिल रहे।

टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीनों स्थानों पर पहुंचकर बाल विवाह की प्रक्रिया को रुकवाया और संबंधित परिवारों को समझाइश दी। अधिकारियों ने मौके पर ही बाल विवाह के दुष्परिणामों और इसके कानूनी पहलुओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि बाल विवाह एक गंभीर सामाजिक और कानूनी अपराध है, जिसे किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता। बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 के तहत जानकारी देते हुए बताया गया कि इस प्रकार के विवाह में शामिल किसी भी व्यक्ति जैसे पंडित, पुरोहित, टेंट संचालक, रिश्तेदार या अन्य सहयोगी को 2 वर्ष तक की सजा और 1 लाख रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है। साथ ही यह भी बताया गया कि विवाह की वैधानिक आयु बालक के लिए 21 वर्ष और बालिका के लिए 18 वर्ष निर्धारित की गई है।

कार्रवाई के दौरान संबंधित प्रकरणों में पंचनामा एवं प्रतिवेदन भी तैयार किया गया। प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे बाल विवाह जैसी कुप्रथा को रोकने में सक्रिय भूमिका निभाएं और ऐसी किसी भी सूचना को तत्काल टोल फ्री नंबर 1098 पर साझा करें। इस त्वरित और प्रभावी कार्रवाई ने न केवल तीन बाल विवाहों को रोककर नाबालिगों के भविष्य को सुरक्षित किया है, बल्कि समाज में एक सशक्त संदेश भी दिया है कि कानून के विरुद्ध किसी भी गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

By kgnews

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *