ग्वालियर
सरकारी जमीनों पर कब्जा करने वाले माफिया अब प्रदेश की मोहन सरकार के टारगेट पर है। इन माफियाओं की कुंडली तैयार करने के लिए प्रदेश में सरकारी भूमि सुरक्षा अभियान की शुरूआत कर दी गई है। इस अभियान के पहले चरण में प्रदेश में मौजूद सरकारी महाविद्यालयों को आवंटित की गई जमीन को लिया गया है। लिहाजा सभी सरकारी महाविद्यालयों की जमीन का सीमांकन कराकर उसका खसरे में स्वामित्व दर्ज कराने के आदेश उच्च शिक्षा विभाग के अपर सचिव डॉ. आलोक निगम ने मप्र के सभी सरकारी महाविद्यालयों के प्राचार्य को दिए हैं। खास बात ये है कि इस पूरी प्रक्रिया के लिए टाइम लिमिट फिक्स कर 15 दिन का समय दिया गया है।
ये करना होगा प्राचार्य को
वर्ष 2019 के आॅर्डर पर अमल के निर्देश
शासकीय महाविद्यालयों को आवंटित जमीनों का सीमांकन और खसरे में स्वामित्व दर्ज कराने के निर्देश वर्ष 2019 में भी शासन ने दिए थे, लेकिन बड़ी संख्या में महाविद्यालयों द्वारा निर्देशों का पालन आवंटित जमीन पर हुए अतिक्रमण के कारण नहीं हो सका था। लिहाजा तीन वर्ष पूर्व जारी आदेश को उच्च शिक्षा विभाग ने अब 15 दिन के अंदर पालन कराने के निर्देश दिए है।
मुंगेली : महतारी वंदन योजना बनी सुनीता साहू के बच्चों की बेहतर शिक्षा का आधार…
बिजली कंपनी फैसला: जिस ठेकेदार के नाम पर कार्य आदेश, वही करेगा काम भोपाल मध्यप्रदेश…
रायपुर. मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देशन में आयोजित सुशासन तिहार जनसमस्याओं के त्वरित समाधान…
सीएम डॉ. यादव ने किया इंडस्ट्रियल पार्क का भूमि-पूजन, बोले- गरीब-अन्नदाता-युवा-नारी का होगा कल्याण -…
राजनांदगांव । प्रधानमंत्री आवास योजना अंतर्गत आवासहीन एवं आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के अपने…
राजनांदगांव । श्रम विभाग द्वारा अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना के तहत छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य…