इंदौर
दिल्ली के बेसमेंट में पानी भरने से तीन छात्रों की मौत के घटना केे बाद नगर निगम ने इंदौर में बेसमेेंट में व्यावसायिक गतिविधियां संचालित करने वाले संस्थानों के खिलाफ अभियान छेड़ रखा है। डेढ़ सौ से ज्यादा बिल्डिंगों को चिन्हित किया गया हैै। जिसके बेसमेंट में वाहनों की पार्किंग के बजाए शोरुम, दुकानें संचालित हो रही है।
मंगलवार को नगर निगम की टीम ने एसएनजी अस्पताल और बीआरटीएस में एक कार शोरुम को सील किया। अस्पताल के बेसमेंट में मरीजों की जांच के लिए केबिन बने थे,जबकि अस्पताल में आने वालेे वाहन सड़क पर खड़े हो रहे थे और यातायात बाधित होता था।
अस्पताल संचालक को अफसरों नेे कहा कि जब बिल्डिंग का नक्क्षा स्वीकृत किया गया था तो बेसमेंट का उपयोग पार्किंग तय किया गया है, इसलिए यहां पार्किंग ही होना चाहिए। इसी तरह रुकमणी कार शोरूम में भी बेसमेंट में नई कारों को खड़ा किया गया था। शोरूम मेें आने वाली दूसरी कारों का पार्किंग के लिए जगह ही नहीं मिलती थी।
जेल रोड पर क्यों नहीं हो रही बिल्डिंगें सील
जिन 20 से ज्यादा भवनों के बेसमेंट सील किए गए है। वहां अब व्यावसायिक गतिविधियां बंद हो गई है और वे निगम के अभियान पर पक्षपात का आरोप भी लगा रहे है। उनका कहना है कि जेल रोड पर सबसे ज्यादा पार्किंग की समस्या हैै।
वहां की बिल्डिंगों की पार्किंग में मार्केट संचालित हो रहे है। कई बार वहां आग भी लग चुकी है, लेकिन वहां सड़कों को फुटपाथों से मुक्त नहीं किया गया। दुकानदारों ने सार्वजनिक फुुटपाथों पर लोहे के एंगल और अेाटले बना रखे हैै। महारानी रोड और ग्वालटोली क्षेत्र भी कभी बिल्डिंग सील नहीं हुई। वहां भी पार्किंग की समस्या रहती हैै।
उज्जैन विश्व प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग महाकाल मंदिर में दान प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और विश्वसनीय बनाने…
भोपाल मध्यप्रदेश में जनगणना 2027 केवल आबादी गिनने तक सीमित नहीं रहेगी। दरअसल इस बार…
भोपाल मध्यप्रदेश के करीब 4 लाख पेंशनर्स के लिए बड़ी राहत है। अब केंद्र सरकार…
रतलाम चाकूबाजी के मामले में गिरफ्तार होकर महज चार दिन पहले न्यायिक अभिरक्षा में सर्किल…
भोपाल राजधानी भोपाल में सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल बनाने की दिशा में…
जबलपुर मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने महत्वपूर्ण फैसले में स्पष्ट किया है कि दो बालिगों…