डिजिटल पंजीयन में मध्यप्रदेश ने रचा इतिहास : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

प्रदेश का पहला पूर्ण पेपरलैस ई-रजिस्ट्रेशन सिस्टम

संपदा 2.0 और सायबर पंजीयन कार्यालय से कहीं से भी होगा दस्तावेजों का फेसलैस पंजीयन

हर साल 11 हजार करोड़ से अधिक राजस्व

भोपाल
मध्यप्रदेश में पंजीयन प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए राज्य सरकार ने संपदा 2.0 प्रणाली से दस्तावेजों का पूर्णतः पेपरलेस ई-पंजीयन शुरू कर दिया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि अत्याधुनिक तकनीक पर आधारित यह व्यवस्था नागरिकों को त्वरित सेवाएं देने के साथ-साथ प्रशासन में पारदर्शिता और सुगमता सुनिश्चित करेगी। पंजीयन एवं मुद्रांक विभाग राज्य के प्रमुख राजस्व अर्जित करने वाले विभागों में शामिल है। प्रदेश में प्रतिवर्ष लगभग 16 लाख दस्तावेजों का पंजीयन किया जाता है, जिससे 11 हजार करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व प्राप्त होता है। विभाग की वेब आधारित संपदा प्रणाली के माध्यम से ई-पंजीयन और ई-स्टाम्पिंग की सुविधा प्रदान कर पूरी प्रक्रिया को एंड-टू-एंड इलेक्ट्रॉनिक बनाया गया है।

पेपरलैस और डिजिटल पंजीयन में मध्यप्रदेश देश का पहला राज्य
संपदा 2.0 के माध्यम से दस्तावेजों का पूर्णतः पेपरलेस और डिजिटल पंजीयन संभव हुआ है और यह व्यवस्था लागू करने वाला मध्यप्रदेश देश का पहला राज्य बन गया है। इस प्रणाली में कोई भी व्यक्ति कहीं से भी ई-स्टाम्प तैयार कर सकता है। साथ ही संपत्ति की पहचान भू-अभिलेख और नगरीय प्रशासन के डेटाबेस से की जाती है तथा संपत्ति की जियो-टैगिंग भी की जाती है, जिससे संपत्ति संबंधी विवादों में कमी आएगी।

कृषि भूमि के पूर्ण अंतरण के बाद सायबर तहसील के माध्यम से स्वतः नामांतरण की सुविधा भी शुरू की गई है, वहीं कलेक्टर ऑफ स्टाम्प न्यायालय की प्रक्रिया को भी पूरी तरह ऑनलाइन कर दिया गया है। ई-गवर्नेंस को और मजबूत बनाने के लिए भोपाल स्थित महानिरीक्षक पंजीयन कार्यालय में सायबर पंजीयन कार्यालय स्थापित किया गया है। इसके माध्यम से लगभग 75 प्रकार के दस्तावेजों का फेसलेस पंजीयन किया जा सकेगा। सायबर सब-रजिस्ट्रार राज्य के किसी भी जिले के दस्तावेजों का ऑनलाइन पंजीयन कर सकेंगे।

       फेसलेस पंजीयन प्रक्रिया में पक्षकारों के लिए आधार आधारित वीडियो KYC करना अनिवार्य होगा। दस्तावेजों के डिजिटल निष्पादन के बाद उन्हें ऑनलाइन सायबर उप-पंजीयक के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। इससे नागरिकों को उप पंजीयक कार्यालय आने की आवश्यकता नहीं रहेगी। नई व्यवस्था के तहत लीज, मॉर्टगेज, डी-मॉर्टगेज, संपत्ति में पत्नी या बेटी का नाम जोड़ने और मुख्तियारनामा जैसे दस्तावेज अब कहीं से भी ऑनलाइन तैयार कर पंजीकृत किए जा सकते हैं। डिजिटल तकनीक के उपयोग से मध्यप्रदेश ने ई-गवर्नेंस के क्षेत्र में नई मिसाल कायम की है और आने वाले समय में यह व्यवस्था नागरिक सेवाओं को और अधिक सरल, पारदर्शी तथा भरोसेमंद बनाएगी।

Admin

Share
Published by
Admin

Recent Posts

खजराना गणेश मंदिर में स्वर्णिम श्रृंगार, गणेशजी के साथ रिद्धि-सिद्धि भी पहनेंगी सोने के मुकुट

खजराना गणेश मंदिर में स्वर्णिम श्रृंगार, गणेशजी के साथ रिद्धि-सिद्धि भी पहनेंगी सोने के मुकुट

इंदौर  विश्व प्रसिद्ध इंदौर के खजराना गणेश मंदिर में श्रद्धालु लगातार दिल खोलकर दान कर…

30 minutes ago
MP के 55 जिलों को मिलेगा विकास का नया इंजन, 6 नए कॉरिडोर से बदल जाएगी तस्वीर

MP के 55 जिलों को मिलेगा विकास का नया इंजन, 6 नए कॉरिडोर से बदल जाएगी तस्वीर

 भोपाल  ग्वालियर और नागपुर शहरों को सिक्सलेन हाइवे से जोड़ने के लिए नए कारीडोर का…

55 minutes ago
MP की दहलीज पर पहुंचा मानसून, बारिश के साथ 60 किमी/घंटा की रफ्तार से चलेंगी तेज हवाएं

MP की दहलीज पर पहुंचा मानसून, बारिश के साथ 60 किमी/घंटा की रफ्तार से चलेंगी तेज हवाएं

भोपाल  मध्य प्रदेश में मौसम ने फिर करवट ली है। IMD ने अगले 5 दिनों…

60 minutes ago
आंगनवाड़ी दीदी के प्रयास से कुपोषण के चक्रव्यूह से बाहर आई मासूम माहिका

आंगनवाड़ी दीदी के प्रयास से कुपोषण के चक्रव्यूह से बाहर आई मासूम माहिका

भोपाल  जब सरकारी प्रयास और एक माँ का संकल्प आपस में मिलते हैं, तो कुपोषण…

11 hours ago
मुरैना के डायल-112 हीरोज कुएँ में गिरकर घायल हुए 45 वर्षीय व्यक्ति को पहुँचाया अस्पताल

मुरैना के डायल-112 हीरोज कुएँ में गिरकर घायल हुए 45 वर्षीय व्यक्ति को पहुँचाया अस्पताल

भोपाल  मुरैना जिले के थाना कैलारस क्षेत्र में डायल-112 जवानों की तत्परता एवं मानवीय संवेदनशीलता…

11 hours ago