भोपाल.
मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा घोषित कक्षा 10वीं एवं 12वीं के परीक्षा परिणामों में झाबुआ जिले ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए पूरे प्रदेश में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई है। हायर सेकेंडरी परीक्षा में प्रदेश में प्रथम स्थान हासिल करने के साथ ही हाई स्कूल में शीर्ष 10 जिलों में स्थान बनाकर जिले ने सफलता का नया कीर्तिमान स्थापित किया है।
इस उपलब्धि पर महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए जिले के विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं अभिभावकों को हार्दिक बधाई दी है। उन्होंने इसे “झाबुआ के बदलाव की नई इबारत” बताते हुए कहा कि यह सफलता आदिवासी अंचल में शिक्षा के प्रति बढ़ती जागरूकता और कड़ी मेहनत का परिणाम है।
मंत्री भूरिया ने अपने संदेश में कहा कि झाबुआ के विद्यार्थियों ने यह सिद्ध कर दिया है कि प्रतिभा किसी संसाधन की मोहताज नहीं होती। सीमित साधनों के बावजूद विद्यार्थियों ने जिस समर्पण और परिश्रम से यह मुकाम हासिल किया है, वह सराहनीय है। उन्होंने शिक्षकों के योगदान की भी प्रशंसा करते हुए कहा कि उनके मार्गदर्शन और प्रतिबद्धता ने बच्चों को सफलता की ऊंचाइयों तक पहुंचाया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा की गुणवत्ता को निरंतर बेहतर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। भविष्य में शिक्षा के बुनियादी ढांचे को और सुदृढ़ किया जाएगा, जिससे जिले के विद्यार्थी राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी प्रतिभा का परचम लहरा सकें।
मंत्री भूरिया ने उन विद्यार्थियों का भी हौसला बढ़ाया जो इस बार सफलता प्राप्त नहीं कर सके। उन्होंने कहा कि परीक्षा के अंक जीवन का अंतिम पैमाना नहीं होते। असफलता से निराश होने के बजाय उससे सीख लेकर आगे बढ़ना चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों से सकारात्मक सोच के साथ पुनः प्रयास करने का आह्वान किया।
दुर्ग। जिला अस्पताल में इलाज के दौरान 20 साल के युवती की मौत हो गई।…
खैरागढ़। फर्जी दस्तावेज तैयार कर आनलाइन जन्म प्रमाण पत्र बनाने वाले फरार आरोपित को उत्तर…
बड़े कनेरा को मिली विकास कार्यों की सौगात मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सड़क, पर्यटन,…
मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा में इंदौर संभाग से प्रारंभ होगा बस आपरेशन : मुख्यमंत्री डॉ.…
रायगढ़। किन्नरों के दो अलग-अलग गुट सक्रिय है। एक गुट का नेतृत्व पूर्व महापौर मधुबाई…
हरिकोटा से लौटे बच्चों ने मुख्यमंत्री को सुनाए अंतरिक्ष विज्ञान के रोमांचक अनुभव सुशासन तिहार…