कोरबा । राज्योत्सव के अवसर पर कटघोरा को जिला घोषित करने की मांग एक बार फिर जोर पकड़ने लगी है. वर्षों से इस मांग को लेकर संघर्ष कर रहे अधिवक्ताओं और स्थानीय संगठनों ने एक बार फिर प्रशासन को ज्ञापन सौंपते हुए चेतावनी दी है कि अगर 1 नवंबर तक सरकार ने कोई ठोस निर्णय नहीं लिया, तो आंदोलन और तेज किया जाएगा.
कटघोरा के अधिवक्ता संघ के प्रतिनिधियों ने अनुविभागीय अधिकारी (SDM) को ज्ञापन सौंपते हुए कटघोरा को अलग जिला बनाए जाने की मांग की. मुख्यमंत्री से आग्रह किया गया है कि राज्योत्सव के दिन – यानी 1 नवंबर को कटघोरा को जिला घोषित किया जाए. अब एक बार फिर यह मांग जोरों पर है, जिसमें 50 से अधिक सामाजिक संगठन और समुदाय समर्थन दे चुके हैं.
अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती सरकारों में जनप्रतिनिधियों ने कटघोरा को जिला बनाने का वादा किया था, लेकिन चुनाव के बाद यह वादे पूरे नहीं हुए। अब जनता की मांग है कि वर्तमान सरकार इस मांग को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई करें।
राजनांदगांव , एक्सपर्ट जिम में श्रद्धांजलि सभा आयोजित कर छत्तीसगढ़ लोक विरासत की पंडवानी गायिका…
रायपुर । दक्षिण-पश्चिम मानसून ने पूरे देश को कवर कर लिया है, लेकिन छत्तीसगढ़ में…
राजनांदगांव| शहर के ममता नगर औद्योगिक क्षेत्र में ड्रेनेज (नाली) एवं पेवर्स निर्माण का रविवार…
जांजगीर-चांपा । छत्तीसगढ़ में नशे में धुत दूल्हे की बारात लौटाकर चर्चा में आईं मुस्कान…
सरगुजा। छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में गुरुवार को एक बड़ा सड़क हादसा हो गया। अंबिकापुर-रायगढ़…
महासमुंद। बारनवापारा अभयारण्य में तीन चीतलों (हिरण) की मौत से वन विभाग में हड़कंप मच…