दुर्ग, जिले में नाबालिग बच्चे न केवल नशे के चंगुल में फंस रहे हैं बल्कि नशे की आपूर्ति और गंभीर अपराधों में भी लिप्त हो रहे हैं। इस सामाजिक समस्या के समाधान के लिए दुर्ग जिले में नाबालिगों के लिए विशेष नशामुक्ति केंद्र खोलने की तैयारी शुरू कर दी गई है।
पुलिस सर्वे रिपोर्ट के अनुसार दुर्ग जिले के विभिन्न क्षेत्र जैसे भिलाई नगर खुर्शीपार पुरानी भिलाई रायपुर नाका टिकरापारा ओम नगर चरोदा आदि में लगभग 100 से अधिक नाबालिग नशे की गिरत में हैं। इनके पारिवारिक और सामाजिक हालात भी गंभीर चिंता का कारण हैं।
पुलिस और प्रशासन की भूमिका
सीएसपी विजय अग्रवाल ने कलेक्टर अभिजित सिंह को पत्र लिखकर नाबालिग बच्चों के लिए 100 क्षमता वाले नशामुक्ति केंद्र की मांग की है। एसएसपी अग्रवाल के अनुसारए नाबालिग नशा मुक्ति केंद्र बच्चों के पुनर्वास में ठोस परिणाम देगा। वर्तमान में बालक अपराधों में नशे की प्रवृत्ति लगातार बढ़ रही है। केंद्र के संचालन से बच्चों को नशे के चंगुल से निकाला जाएगा उनकी शिक्षा और रोजगार के अवसर सुनिश्चित किए जाएंगे।
बिलासपुर। शहर के सिरगिट्टी थाना क्षेत्र में स्ट्रीट लाइट लगाने के दौरान बड़ा हादसा हो…
धरसीवां। राजधानी रायपुर के धरसीवां क्षेत्र स्थित कुंबरगढ़ के प्राचीन चतुर्भुजी मंदिर परिसर में शनिवार…
सरगुजा। छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में शुक्रवार रात सड़क हादसों ने चार परिवारों की खुशियां…
बालोद। जिले में कीमती चंदन के पेड़ों की चोरी का मामला सामने आया है। बालोद…
दंतेवाड़ा : भारत एक कृषि प्रधान देश है, जहाँ कृषि के साथ-साथ मत्स्य पालन भी…
दंतेवाड़ा : जिला कार्यालय के डंकनी सभाकक्ष में आज कलेक्टर श्री देवेश कुमार ध्रुव द्वारा…