बिलासपुर: हाईकोर्ट में पीएम-जनमन योजना के तहत मोबाइल मेडिकल यूनिट (MMU) खरीद में कथित गड़बड़ी को लेकर दायर जनहित याचिका खारिज कर दी गई है. मुख्य न्यायाधीश की खंडपीठ ने सुनवाई के बाद याचिका को प्रारंभिक स्तर पर ही निरस्त कर दिया. हाईकोर्ट ने कहा कि याचिका ठोस सबूतों के बजाय मीडिया रिपोर्ट और सामान्य आरोपों पर आधारित है, इसलिए जनहित याचिका के रूप में सुनवाई योग्य नहीं है. साथ ही, याचिकाकर्ता की मंशा और पात्रता पर भी सवाल उठाते हुए कोर्ट ने इसे जनहित में वास्तविक नहीं माना. हाईकोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि याचिकाकर्ता के पास अन्य वैकल्पिक उपाय उपलब्ध हैं. याचिका खारिज होने के साथ ही सुरक्षा राशि लौटाने से भी अदालत ने इंकार कर दिया. बता दें कि 57 मोबाइल मेडिकल यूनिट के लिए 108 करोड़ रुपये की खरीदी से जुड़ा यह मामला है.
गरियाबंद । जिला मुख्यालय स्थित सर्किट हाउस में आज सुबह करीबन 6.30 बजे आग लग…
रायपुर । छत्तीसगढ़ के उपभोक्ताओं के लिए दूध से जुड़ी एक अहम खबर सामने आई…
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही पेंड्रा । जिले के अमरकंटक में आकाशीय बिजली ने दो युवक युवतियों की जान…
चायत घुमका में आयोजित भाजपा की विशाल चुनावी जनसभा में इस बात का सबूत रही…
रायपुर. छत्तीसगढ़ में 30 मई को जनगणना के पहले चरण का समापन हो गया है।…
कोरबा/बिलासपुर । कार्यालय उप पुलिस अधीक्षक, एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी), बिलासपुर से प्राप्त जानकारी के…